कठिनाइयां ही इंसान को मजबूत बनाती हैं: वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी
रायपुऱ : युवाओं के उज्ज्वल भविष्य, प्रेरणा और सुनियोजित कैरियर निर्माण के उद्देश्य से प्रदेश के वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक ओ.पी. चौधरी के विशेष पहल पर आज रायगढ जिले के पुसौर में भव्य कैरियर मार्गदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में देश के प्रसिद्ध शिक्षाविद तथा सुपर-30 के संस्थापक पद्मआनंद कुमार ने विद्यार्थियों को सफलता के मंत्र दिए। कार्यक्रम के दौरान वित्त मंत्री ने 66 चयनित विद्यार्थियों को 5-5 हजार रुपये स्वेच्छानुदान प्रदान करने की घोषणा की। इसके साथ ही कहा कि आगामी वर्ष कक्षा 10 वीं एवं 12 वीं की मेरिट सूचियों में स्थान प्राप्त विद्यार्थियों को 1-1 लाख रुपये शिक्षा सहायता दिया जाएगा।
कठिनाइयाँ ही इंसान को मजबूत बनाती हैं
कार्यक्रम में सर्वप्रथम वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशानुरूप सरकार युवाओं के भविष्य निर्माण हेतु निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि जीवन में बड़ी सफलता के लिए स्पष्ट लक्ष्य, सही मार्गदर्शन और कड़ी मेहनत अत्यंत आवश्यक हैं। कठिनाइयाँ ही इंसान को मजबूत बनाती हैं। उन्होंने अपने छात्र जीवन के संघर्षों तथा सरकारी स्कूल से कलेक्टर और मंत्री बनने की प्रेरक यात्रा साझा करते हुए कहा कि मेहनत, निर्णय शक्ति और समय के सही उपयोग से कोई लक्ष्य असंभव नहीं। उन्होंने बताया कि केवल डिग्री को महत्व देना पर्याप्त नहीं, बल्कि लक्ष्य आधारित पढ़ाई, दृढ़ संकल्प और परिस्थितियों को स्वीकार कर आगे बढ़ना ही सफलता का मूल मंत्र है। उन्होंने विराट कोहली के कठिन समय में अद्भुत समर्पण का उदाहरण देकर समझाया कि कठिनाइयाँ जीवन में ऊँची छलांग लगाने की तैयारी करवाती हैं। चौधरी ने युवाओं को सलाह दी कि अपनी क्षमता को पहचानें और उसके अनुसार करियर चुनें। योजना बनाकर, धैर्य और परिश्रम के साथ लक्ष्य की ओर बढ़ें।
साधारण शुरुआत असाधारण सफलता का आधार बनती है
छात्रों को संबोधित करते हुए पद्मआनंद कुमार ने कहा कि कठिन परिस्थितियों में धैर्य और आत्मविश्वास बनाए रखने वाला व्यक्ति जीवन में अवश्य सफल होता है। उन्होंने अपने संघर्षपूर्ण जीवन की प्रेरक यात्रा साझा करते हुए बताया कि पिता के निधन के बाद उन्हें आर्थिक तंगी से जूझना पड़ा, पापड़ बेचने पड़े और कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय में चयन होने के बावजूद वे आर्थिक परिस्थितियों के कारण नहीं जा सके। उन्होंने कहा कि सुविधाओं का अभाव सफलता में बाधा नहीं, बल्कि संघर्ष करने की प्रेरणा है। जो भी काम करो, उसे सर्वश्रेष्ठ तरीके से करो, मेहनत में कमी मत आने दो। उन्होंने सुपर-30 के विद्यार्थियों अभिषेक राज, शशि नारायण और निधि झा जैसी सफल प्रेरक कहानियाँ उदाहरण स्वरूप साझा कीं। उन्होंने कहा कि अवसरों की कमी का रोना न रोएँ, बल्कि अवसर स्वयं बनाएँ। संघर्षों को सफलता की सीढ़ी बनाएँ। अंत में उन्होंने कहा कि जीवन में बड़ा बनने के लिए जन्म से नहीं, कर्म और संकल्प से पहचान बनती है। कोई भी साधारण शुरुआत असाधारण सफलता का आधार बन सकती है।
कार्यक्रम में विभिन्न कक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों का मंच पर सम्मान किया गया। पुसौर और खरसिया विकासखण्ड के बच्चों ने पहली बार सुपर-30 के संस्थापक पद्मआनंद कुमार को देखा और उनकी बातों को तन्मयता से सुना। उनके प्रेरक विचारों के दौरान सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। बड़ी संख्या में उपस्थित विद्यार्थियों ने कार्यक्रम से प्रेरणा प्राप्त की। कार्यक्रम में नगर निगम महापौर जीवर्धन चौहान, नगर पंचायत पुसौर के अध्यक्ष मानी मोहित सतपथी, जनपद पंचायत अध्यक्ष हेमलता चौहान, उमेश अग्रवाल, लक्ष्मी जीवन पटेल, बृजेश गुप्ता, जैमिनी गुप्ता, संदीप पंडा, प्रवीण द्विवेदी सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थीगण उपस्थित रहे। प्रशासनिक अधिकारियों में कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल, जिला पंचायत सीईओ अभिजीत बबन पठारे, एसडीएम महेश शर्मा सहित अधिकारी उपस्थित रहे।

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