महंगाई भत्ता ठंडे बस्ते में: केंद्र के कर्मचारियों को नहीं मिलेगा DA, अगले आदेश तक रोक!
केंद्र सरकार ने पिछले महीने करीब 1.2 करोड़ केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ते (डीए) और महंगाई राहत (डीआर) में 2% की बढ़ोतरी कर इसे 55% करने की घोषणा की थी।
7th pay commission latest
देश के केंद्रीय कर्मचारी अगली छमाही यानी जुलाई से दिसंबर तक की अवधि के लिए महंगाई भत्ते (डीए) और महंगाई राहत (डीआर) का इंतजार करने लगे हैं। यह इंतजार इसलिए भी है क्योंकि पहली छमाही के दौरान कर्मचारियों के भत्ते में मामूली बढ़ोतरी हुई है। वर्तमान में कर्मचारियों का भत्ता 55 फीसदी है। आइए जान लेते हैं कि केंद्रीय कर्मचारियों को अगली छमाही में कितना भत्ता मिल सकता है।
2% की बढ़ोतरी
केंद्र सरकार ने पिछले महीने करीब 1.2 करोड़ केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ते (डीए) और महंगाई राहत (डीआर) में 2% की बढ़ोतरी कर इसे 55% करने की घोषणा की थी। जनवरी से जून की अवधि के लिए डीए में 2% की बढ़ोतरी पिछले 78 महीनों में सबसे कम थी।
7वें वेतन आयोग का आखिरी डीए
कैलेंडर वर्ष, 2025 के पहले तीन महीनों में मुद्रास्फीति में और गिरावट से पता चलता है कि केंद्रीय कर्मचारियों को डीए में 2% से कम बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। 2025 के पहले दो महीनों के लिए अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (AICPI-IW) के आंकड़ों में गिरावट देखी गई, जिससे जुलाई-दिसंबर 2025 के लिए DA बढ़ोतरी कम हो सकती है। AICPI-IW कर्मचारियों के DA बढ़ोतरी की गणना करने के लिए एक अहम मीट्रिक है। अगर गिरावट का सिलसिला अगले 4 महीनों तक जारी रहता है, तो भत्ते पर असर पड़ सकता है।
मीडिया रिपोर्ट की मानें तो इससे केंद्र सरकार के करोड़ों कर्मचारी और पेंशनभोगी और निराश होंगे। तकनीकी रूप से यह 7वें वेतन आयोग में अंतिम डीए संशोधन होगा। बता दें कि इस साल 31 दिसंबर को 7वां वेतन आयोग अपना 10 साल का कार्यकाल पूरा करेगा।
क्या होता है डीए
यह एक तरह का भत्ता है जो केंद्र, राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को बढ़ती महंगाई के प्रभाव को कम करने के लिए दिया जाता है। बता दें कि डीए को साल में दो बार संशोधित किया जाता है। पहली छमाही- जनवरी और जून की अवधि की है। वहीं, जुलाई से दिसंबर तक की दूसरी छमाही होती है। साल की पहली बढ़ोतरी आमतौर पर मार्च में घोषित की जाती है, और दूसरी हर साल अक्टूबर/नवंबर में घोषित की जाती है।

ईंट निर्माण कार्य से आत्मनिर्भर बन रही हैं समूह की महिलाएं
महासंघ की कार्यप्रणाली को बनाये गतिशील एवं परिणामोन्मुख : राज्यमंत्री पंवार
प्रदेश में जंगली भैंसा प्रजाति का पुनर्स्थापन एक ऐतिहासिक अवसर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सही दवा-शुद्ध आहार' अभियान में जगदलपुर के चाट-गुपचुप सेंटरों और कॉस्मेटिक्स दुकानों का हुआ निरीक्षण
वन मंत्री केदार कश्यप ने भरा ऑनलाइन स्व-गणना पत्रक, नागरिकों से सहभागिता की अपील
एमपी टूरिज्म को मिला “लीडिंग टूरिज्म डेस्टीनेशन” का प्रतिष्ठित सम्मान
मध्यप्रदेश अपनी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत को दे रहा है नई ऊर्जा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सुकमा में तेंदूपत्ता संग्रहण तेज़ी से जारी, 35 हजार से अधिक बोरे का हुआ संग्रहण
राजस्व कार्यों में ढिलाई पर सख्त:लंबित प्रकरणों के निपटारे और राजस्व वसूली में तेजी लाने मंत्री ने दिए निर्देश
अनुशंसाओं को संवेदनशीलता के साथ करें लागू : राज्यपाल पटेल