शार्ट सर्किट को हल्के में न लें, तुरंत ठीक करवाएं
भोपाल : मध्यक्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने आमजन को आगाह किया है कि घर अथवा संस्थान में कहीं भी शार्ट सर्किट हो रहा है तो उसे हल्के में न लें, बल्कि तुरंत इलेक्ट्रिशियन को बुलाकर ठीक करवाएं। जरा सी असावधानी किसी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। दुर्घटनाओं से बचाव के लिए आमजनों को भी करंट से होने वाली दुर्घटनाओं की रोकथाम में सहयोग करना आवश्यक है।
कंपनी ने कहा है कि यदि घरों में अर्थिंग नहीं है तो वायरिंग के पहले अर्थिंग जरूर दें। इसके साथ ही घटिया या सस्ती वायरिंग की बजाय मानक स्तर की वायरिंग करवाएं, ताकि शार्ट सर्किट से होने वाली हानियों से बचा जा सके। एक अनुमान के मुताबिक ज्यादातर शार्ट सर्किट की घटनाएं या तो घटिया वायरिंग के कारण होती हैं या फिर ज्यादा समय से पुरानी वायरिंग होने के चलते होती हैं। जरा सी लापरवाही महंगी पड़ सकती है। बिजली कंपनी आपको पुरानी वायरिंग की जगह मानक स्तर की नई वायरिंग करवाने की सलाह देती है, ताकि शार्ट सर्किट की घटनाओं से बचा जा सके। यदि विद्युत लाइनों से संबंधित किसी भी तरह की शिकायत हों तो तत्काल कॉल सेंटर के टोल फ्री नं. 1912 पर, "उपाय" ऐप एवं समीप के वितरण केन्द्र कार्यालय में अवश्य दें।
मध्यक्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने कहा है कि घरेलू विद्युत उपकरणों, वायरिंग, स्विच इत्यादि को स्वयं सुधारने के बजाय किसी प्रशिक्षित इलेक्ट्रीशियन की सेवाएं लें। मानव जीवन अमूल्य है। बिजली के स्विच, सॉकिट, बिजली उपकरण बच्चों की पहुंच से दूर रखें। स्वीकृत भार से अधिक लोड का उपयोग न करें। उचित क्षमता के एम.सी.सी.बी, कट-आउट लगाने के साथ ही अच्छी गुणवत्ता की वायरिंग का ही उपयोग करें। वर्ष में एक बार अपने परिसर की वायरिंग, फिटिंग, अर्थिंग अनुभवी एवं दक्ष इलेक्ट्रीशियन से अवश्य जांच कराएं, ताकि शार्ट सर्किट की दुर्घटनाओं से बचा जा सके।

मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध शराब के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही
राज्यपाल रमेन डेका ने जल संरक्षण और जनकल्याण पर दिया जोर
गोद में उठाया, चश्मा पहनाया : भैंसामुड़ा में दिखा मुख्यमंत्री का आत्मीय रूप
एमपी ट्रांसको ने जुलवानिया सब स्टेशन में ऊजीकृत किया 40 एमवीए क्षमता का ट्रांसफार्मर : ऊर्जा मंत्री तोमर
नये मध्यप्रदेश का मार्वलस माइलस्टोन साबित होगा इन्दौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
स्वरोजगार की राह पर बढ़ते कदम: मुख्यमंत्री ने RSETI में देखा ग्रामीण सशक्तिकरण का मॉडल
जब मुख्यमंत्री उतरे मैदान में: सुशासन तिहार में बच्चों संग खेला क्रिकेट, बढ़ाया हौसला
किसानों को उनका वैभव लौटाने का लिया गया है संकल्प : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महू में विद्यार्थियों को प्लेसमेंट प्रमाण-पत्र किए वितरित